कार की सवारी होगी महंगी, छोटी कारों के दाम बढ़ सकते हैं, जानें क्या है वजह
Updated on
24-02-2026 01:53 PM
नई दिल्ली: छोटी कारें बनाने वाली कंपनियों के लिए आने वाले दिन मुश्किल भरे हो सकते हैं। अगर ईंधन की बचत और प्रदूषण कम करने से जुड़ा CAFE-3 का नया ड्राफ्ट लागू होता है, तो छोटी कारों को बनाना और बेचना चुनौतीपूर्ण हो जाएगा। टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक, अलग-अलग मंत्रालय नियमों को अंतिम रूप देने में जुटे हैं। पिछले दो सालों में CAFE-3 का यह तीसरा ड्राफ्ट है।
जानकारों का कहना है कि अगर कार कंपनियां नए नियमों की वजह से छोटी कारें बनाने में कम दिलचस्पी लेंगी, तो इससे उन लोगों को झटका लगेगा जो टू-व्हीलर से कार पर शिफ्ट होना चाहते हैं। इंडस्ट्री के जानकारों का मानना है कि CAFE-3 लागू होने के बाद नई कारों की लागत करीब 10% तक बढ़ सकती है। कंपनियों को नए नियमों पर खरा उतरने के लिए या तो गाड़ियों में ईंधन बचाने वाली महंगी तकनीक लगानी होगी या फिर भारी जुर्माना भरना होगा।
पीएमओ को भेजी गईं सिफारिशें
प्रस्तावित दिशानिर्देशों के अनुसार, EVs या रेंज-एक्सटेंडर हाइब्रिड EVs बेचने वालों को तीन 'सुपर क्रेडिट' मिलेंगे, जबकि पेट्रोल-डीजल (ICE) गाड़ियां बेचने वालों को एक पॉइंट मिलेगा। उद्योग के प्रतिनिधियों का कहना है कि BEE ने अपनी सिफारिशों में इस बात को बरकरार रखा है, जिसे प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) को भेजा गया है।
क्या है CAFE नियम?
CAFE का मतलब सरकार के उन मानकों से है जो तय करते हैं कि एक कंपनी की बेची गई सभी कारों का 'औसत माइलेज' कितना होना चाहिए। वे कितना कार्बन डाइऑक्साइड छोड़ सकती हैं। CAFE-3 के नए ड्राफ्ट (जो अभी तक जारी नहीं हुआ है) के मुताबिक, ब्यूरो ऑफ एनर्जी एफिशिएंसी (BEE) ने छोटी कार बनाने वाली कंपनियों को मिलने वाली 'एक्स्ट्रा छूट' या राहत को खत्म करने का प्रस्ताव दिया है। इसमें रेंज-एक्सटेंडेड इलेक्ट्रिक व्हीकल (REEV) को भी शामिल किया गया है। REEV को वॉल्यूम डेरोगेशन फैक्टर (VDF) यानी 3 का स्कोर दिया जाएगा, जो इलेक्ट्रिक कारों को मिलता है। VDF सरकार का एक ऐसा पैमाना है जिसके जरिए कम प्रदूषण फैलाने वाली गाड़ियों (जैसे EV और हाइब्रिड) की बिक्री को बढ़ावा दिया जाता है।
नई दिल्ली: भारत के स्मार्टफोन बाजार में जून तिमाही (Q1) के दौरान सालाना आधार पर 10% की भारी गिरावट दर्ज की गई है। साल 2023 की जनवरी-मार्च तिमाही के बाद…
नई दिल्ली: एंप्लॉयीज प्रॉविडेंट फंड ऑर्गनाइजेशन (EPFO) ने पीएफ (PF) अंशदान में कंपनियों की ओर से की गई देर से जुड़े पुराने विवादों और मुकदमों के जल्द निपटारे के लिए…
नई दिल्ली: वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों का इंतजार कर रहे लोगों के लिए एक बुरी खबर है। भारत और रूस की पार्टनरशिप वाली कंपनी किनेट रेलवे सॉल्यूशंस (Kinet Railway Solutions)…
नई दिल्ली: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण फारस की खाड़ी (Persian Gulf) से होने वाले तरलीकृत प्राकृतिक गैस (LNG) के निर्यात में भारी कमी आई है।…
नई दिल्ली: इनकम टैक्स विभाग ने चालू वित्त वर्ष (2026-27) के लिए कॉस्ट इन्फ्लेशन इंडेक्स (CII) बढ़ा दिया है। इसका इस्तेमाल जमीन-जायदाद (प्रॉपर्टी), शेयर और गहने बेचने पर होने वाले…
नई दिल्ली: सैटकॉम के क्षेत्र में एलन मस्क की कंपनी स्टारलिंक को कड़ी टक्कर मिलने वाली है। स्पेस रेगुलेटर IN-SPACe ने रिलायंस जियो के लगभग 1,600 लो अर्थ ऑर्बिट (LEO)…
नई दिल्ली: यह कहानी है मुंबई के रहने वाले अमन सेन की। उन्होंने लीक से हटकर अपना खुद का रास्ता बनाया। कॉलेज की पढ़ाई बीच में ही छोड़कर उन्होंने कारोबार…