पेटीएम पेमेंट्स बैंक को लेकर है कोई कनफ्यूजन तो यहां मिलेंगे सारे जवाब
Updated on
17-02-2024 12:46 PM
नई दिल्ली: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने मुश्किलों में घिरी पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड (पीपीबीएल) के ग्राहकों और उससे जुड़े कारोबारियों को राहत दी है। इसके तहत अब लोग अपने खाते 15 मार्च तक अन्य बैंकों में स्थानांतरित कर सकेंगे। केंद्रीय बैंक ने पीपीबीएल के ग्राहकों और आम जनता की सुविधा के लिए बार-बार पूछे जाने वाले 30 प्रश्नों (एफएक्यू) की एक सूची भी जारी की है। इसमें कई बिंदुओं पर स्थिति साफ कर दी गई है।
क्या है एफएक्यू में?
- 15 मार्च, 2024 के बाद पीपीबीएल ग्राहक अपने खाते में पैसा जमा नहीं कर पाएंगे। ब्याज, कैशबैक, साझेदार बैंकों से स्वीप-इन या रिफंड के तौर पर मिलने वाली रकम के अलावा किसी भी तरह की राशि को जमा करने की अनुमति नहीं है। ऐसी स्थिति में रिजर्व बैंक ने ग्राहकों को सुझाव दिया है कि वे असुविधा से बचने के लिए 15 मार्च, 2024 से पहले किसी अन्य बैंक के साथ वैकल्पिक व्यवस्था कर लें।
- इसके अलावा साझेदार बैंकों में रखी पीपीबीएल ग्राहकों की मौजूदा जमा राशि को शेष राशि की सीमा (प्रति व्यक्तिगत ग्राहक दो लाख रुपये) के अधीन पीपीबीएल के खातों में वापस लाया जा सकता है। लेकिन 15 मार्च, 2024 के बाद पीपीबीएल के माध्यम से भागीदार बैंकों के साथ कोई नई जमा नहीं स्वीकार की जा सकती है।
- इसके साथ ग्राहक 15 मार्च के बाद वेतन और पेंशन भी पीपीबीएल खातों में जमा नहीं कर पाएंगे। पीपीबीएल के माध्यम से मासिक किस्त या ओटीटी सदस्यता का भुगतान करने वाले ग्राहकों को भी वैकल्पिक व्यवस्था करनी होगी।
- पीपीबीएल का वॉलेट रखने वाले ग्राहक 15 मार्च के बाद भी वॉलेट में राशि उपलब्ध रहने तक उसका इस्तेमाल जारी रख सकते हैं।
- टोल संग्रह में इस्तेमाल होने वाले फास्टैग पर आरबीआई ने कहा है कि पीपीबीएल के फास्टैग में कोई भी राशि रहने तक टोल का भुगतान करने के लिए उनका उपयोग जारी रख सकता है। लेकिन, 15 मार्च, 2024 के बाद पेटीएम पेमेंट्स बैंक की तरफ से जारी फास्टैग में और पैसे डालने या टॉप-अप की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसने ग्राहकों को 15 मार्च, 2024 से पहले किसी अन्य बैंक द्वारा जारी नया फास्टैग खरीदने की सलाह दी है।
- इस बीच रिजर्व बैंक ने पीपीबीएल खाते या वॉलेट से जुड़े पेटीएम क्यूआर कोड, पेटीएम साउंडबॉक्स, पेटीएम पीओएस टर्मिनल के जरिये भुगतान लेने वाले दुकानदारों को भी सतर्क करते हुए कहा है कि वे 15 मार्च के बाद इस सेवा का लाभ नहीं उठा पाएंगे और उन्हें अन्य विकल्पों की तलाश करनी चाहिए।
- हालांकि, दुकानदार सेवा प्रदाता के माध्यम से अपने बैंक खाते का ब्योरा भी बदल सकते हैं। अगर पेटीएम क्यूआर कोड, पेटीएम साउंडबॉक्स या पेटीएम पीओएस टर्मिनल किसी अन्य बैंक खाते से जुड़ा हुआ है तो यह व्यवस्था 15 मार्च के बाद भी जारी रहेगी।
कंपनी ने X पर किया पोस्ट
इस बीच पेटीएम के संस्थापक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी विजय शेखर शर्मा ने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ‘पेटीएम क्यूआर, साउंडबॉक्स और ईडीसी (कार्ड मशीन) 15 मार्च के बाद भी हमेशा की तरह काम करते रहेंगे। किसी भी अफवाह या भ्रम में न पड़ें। कोई भी आपको डिजिटल इंडिया की हिमायत करने से नहीं रोक सकता है!’
नई दिल्ली: आरबीआई के गवर्नर संजय मल्होत्रा मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक में लिए गए फैसलों के बारे में थोड़ी देर में जानकारी देंगे। उससे पहले आज शेयर बाजार…
मुंबई: बेंगलुरु की हॉस्पिटल चेन चलाने वाली कंपनी मणिपाल हेल्थ एंटरप्राइजेज Manipal Health Enterprises के शेयर आज इश्यू प्राइस से 11% प्रीमियम के साथ लिस्ट हुए। यह जहां बीएसई पर…
मुंबई: विदेशी मुद्रा भंडार के मोर्चे पर भारत की स्थिति अभी कुछ बेहतर हुई है। यह लगातार चौथा सप्ताह रहा जबकि भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में बढ़ोतरी दिखी है।…
मुंबई: वेलोरा इम्पैक्ट लिमिटेड (BSE: 531257) ने इस साल की पहली तिमाही में अच्छा प्रदर्शन किया है। इस कंपनी को पहले प्रतीक्षा केमिकल्स लिमिटेड (Vellora Impact Ltd) के नाम से…
नई दिल्ली: अनिल अग्रवाल की कंपनी वेदांता एल्युमीनियम मेटल (Vedanta Aluminium Metal) ने चालू वित्त वर्ष की जून (पहली) तिमाही के शानदार वित्तीय परिणाम घोषित किए हैं। मजबूत राजस्व वृद्धि…