नई दिल्ली: आईफोन बनाने वाली अमेरिका की कंपनी ऐपल के सीईओ टिम कुक 15 साल की सर्विस के बाद पद छोड़ने जा रहे हैं। वह अगस्त 2011 में ऐपल के सीईओ बने थे और इस साल 1 सितंबर से एग्जीक्यूटिव चेयरमैन बनने जा रहे हैं। उनके कार्यकाल के दौरान कंपनी के रेवेन्यू में 3.8 गुना बढ़ोतरी हुई है जबकि मार्केट कैप 10.6 गुना बढ़ा है। इस दौरान कंपनी के शेयरों में करीब 2000 परसेंट तेजी आई है। ऐपल मार्केट कैप के हिसाब से दुनिया की तीसरी बड़ी कंपनी है। उसके आगे केवल एनवीडिया और गूगल की पेरेंट कंपनी अल्फाबेट है।
कुक के 15 साल के कार्यकाल में कंपनी ने मैक और आईफोन की सफलता से आगे बढ़ते हुए हेल्थ सर्विसेज, स्मार्ट वॉचेज और ईयरबड्स में सफलता के झंडे गाड़े। इस दौरान कंपनी ने 2015 में ऐपल वॉच, 2016 में एयरपॉड और 2018 में आईफोन एक्सआर, एक्सएस और एक्सएस मैक्स लॉन्च किए। 2021 में कंपनी एम1 मैक लेकर आई जबकि 2023 में उन्होंने विजन प्रो लॉन्च किया। कंपनी का बिजनेस वीडियो स्ट्रीमिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज तक फैला हुआ है। आज यह कंपनी एंटरटेनमेंट, हेल्थ और वियरेबल जैसे नए क्षेत्रों में अहम प्लेयर बन चुकी है।
मार्केट कैप में उछाल
कुक साल 2011 में ऐपल के सीईओ बने थे जब कंपनी के फाउंडर स्टीव जॉब्स ने स्वास्थ्य कारणों से इस्तीफा दे दिया था। उस समय कंपनी का मार्केट कैप 350 अरब डॉलर था। साल 2015 आते-आते यह 500 अरब डॉलर पार कर चुका था और अगले साल यह 600 अरब डॉलर से ऊपर चला गया। 2018 में कंपनी का मार्केट कैप 1 ट्रिलियन डॉलर पहुंचा और महज दो साल में यह दोगुना होकर 2 ट्रिलियन डॉलर के पार पहुंच गया। साल 2023 में ऐपल का मार्केट कैप 3 ट्रिलियन डॉलर को पार कर गया जबकि पिछले साल यह 4 ट्रिलियन डॉलर पहुंच गया।कुक ने 15 साल पहले जब कार्यभार संभाला था तो ऐपल के शेयर का भाव 13 डॉलर था जबकि मंगलवार को इसका बंद भाव 266.17 डॉलर था। इस तरह कंपनी के शेयरों में पिछले 15 साल में करीब 2000 फीसदी तेजी आई है। कुक के सीईओ का पद छोड़ने की घोषणा के बाद कंपनी के शेयरों में मंगलवार को 2.52 फीसदी गिरावट आई और उसका मार्केट कैप 3.912 ट्रिलियन डॉलर रह गया। आज कंपनी के 200 से ज्यादा स्टोर हैं और 2.5 अरब से ज्यादा एक्टिव डेवाइस हैं।
कौन है उत्तराधिकारी?
ऐपल का कहना है कि एग्जीक्यूटिव चेयरमैन के तौर पर कुक का काम दुनियाभर के पॉलिसीमेकर्स के साथ काम करना होगा। 65 साल के हो चुके कुक की जगह अब 50 साल के जॉन टर्नस सीईओ की कुर्सी संभालेंगे। वह 2001 में ऐपल की प्रोडक्ट डिजाइन टीम से जुड़े थे। 2013 में उन्हें हार्डवेयर इंजीनियरिंग का वाइस प्रेजिडेंट बनाया गया और फिर 2021 में उन्हें प्रमोट करके सीनियर वाइस प्रेजिडेंट बनाया गया। टर्नस ने आईपैड और एयरपॉड्स जैसे प्रोडक्ट्स के विकास में अहम भूमिका निभाई।
नई दिल्ली: इनकम टैक्स विभाग ने चालू वित्त वर्ष (2026-27) के लिए कॉस्ट इन्फ्लेशन इंडेक्स (CII) बढ़ा दिया है। इसका इस्तेमाल जमीन-जायदाद (प्रॉपर्टी), शेयर और गहने बेचने पर होने वाले…
नई दिल्ली: सैटकॉम के क्षेत्र में एलन मस्क की कंपनी स्टारलिंक को कड़ी टक्कर मिलने वाली है। स्पेस रेगुलेटर IN-SPACe ने रिलायंस जियो के लगभग 1,600 लो अर्थ ऑर्बिट (LEO)…
नई दिल्ली: यह कहानी है मुंबई के रहने वाले अमन सेन की। उन्होंने लीक से हटकर अपना खुद का रास्ता बनाया। कॉलेज की पढ़ाई बीच में ही छोड़कर उन्होंने कारोबार…
नई दिल्ली: देश में जल्दी ही प्लास्टिक के नोट देखने को मिल सकते हैं। आरबीआई ने नोटों की छपाई के लिए ओपेसिफाइड पॉलिमर सब्सट्रेट शीटों के निर्माण तथा आपूर्ति के…
कानपुर: कानपुर का अपना पराग मिल्क ब्रैंड जल्द ही आम लोगों के घरों में दोबारा दस्तक देगा। नैशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड ने मदर डेयरी ब्रैंड से 2019 से तैयार मिल्क…
नई दिल्ली: एशियाई बाजारों में गिरावट के बीच घरेलू शेयर बाजार आज तेजी के साथ खुला। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 250 अंक से अधिक उछल गया जबकि नेशनल स्टॉक…
नई दिल्ली: रूसी कच्चा तेल खरीदने वाले देशों पर अमेरिका के प्रस्तावित टैरिफ से ग्लोबल ऑयल मार्केट में नई अस्थिरता आ सकती है। लेकिन, सीमित अतिरिक्त प्रोडक्शन क्षमता और जारी…