Rahul Gandhi की सदस्यता तो गई अब क्या करेगी कांग्रेस? 3 घंटे आपात बैठक में बन गई आगे की रणनीति
Updated on
25-03-2023 06:53 PM
नई दिल्ली: राहुल गांधी की सदस्यता रद्द होते ही कांग्रेस ने दोटूक कह दिया है कि वह इस लड़ाई को कानूनी और सियासी दोनों ही तरह से लड़ेगी। वहीं कांग्रेस ने एक बड़े आंदोलन का संकेत भी दिया है। राहुल गांधी की संसद सदस्यता रद्द होते ही कांग्रेस ने जहां सदन से वॉकआउट कर अपना विरोध जताया, वहीं कांग्रेसी खेमे से इसे लेकर जोरदार प्रतिक्रिया शुरू होने के साथ ही देशभर में गतिविधियां तेज हो गईं। इस लड़ाई को लेकर कांग्रेस के इरादे राहुल गांधी के उस बयान में सहज सामने आते हैं, जहां उन्होंने सदस्यता रद्द होने के बाद अपनी फौरी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मैं हर कीमत चुकाने को तैयार हूं। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि हम इस लड़ाई को आगे ले जाने की रणनीति पर काम करेंगे। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ यह कदम इसलिए उठाया गया ताकि वह संसद में सवाल न उठा सकें, लेकिन राहुल गांधी व कांग्रेस इससे डरकर चुप नहीं बैठेगी। कांग्रेस ने तय किया है कि अडाणी मामले में जेपीसी की मांग से वह किसी भी तरह से पीछे नहीं हटेगी। राहुल की सदस्यता रद्द होने की खबर आते ही यूपी और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों से कांग्रेस समर्थकों की बीजेपी के साथ टकराव की खबरें आने लगीं।
इसके मद्देनजर अपनी आगामी रणनीति तय करने के लिए शुक्रवार की शाम कांग्रेस ने अपने ऑफिस में एक आपातकालीन बैठक बुलाई, जिसमें अपनी आगामी रणनीति को लेकर मंथन किया। बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी, महासचिव प्रियंका गांधी सहित पार्टी के तमाम वरिष्ठ नेता शामिल हुए। लगभग पौने तीन घंटे मीटिंग चली। इसमें सियासी लड़ाई और रणनीति पर चर्चा हुई।
वहीं, कांग्रेस के मीडिया प्रभारी जयराम रमेश ने आरोप लगाया कि बीजेपी भारत जोड़ो यात्रा से घबराई हुई है। वह जानती है कि भारत जोड़ो यात्रा ने न केवल कांग्रेस संगठन में नई उमंग जगाई है, बल्कि पूरे देश में एक नया उत्साह, भविष्य का रास्ता दिखाया है। यात्रा की सफलता के कारण राहुल गांधी को कीमत चुकानी पड़ी है। कांग्रेस ने कहा कि राहुल गांधी को चीन मुद्दे, अडाणी मुद्दे पर सरकार से सवाल करने और भारत जोड़ो यात्रा की कामयाबी की कीमत चुकानी पड़ी।
लड़ाई को आंदोलन बनाने की तैयारी कांग्रेस की योजना है कि वह इस लड़ाई को बाकायदा एक आंदोलन का रूप दे, जिसे सदन के भीतर और बाहर बाकायदा सिलसिलेवार ढंग से लड़ा जाए। इसके तहत कांग्रेस ने अलग-अलग राज्यों में प्रदर्शन और मार्च की योजना बनाई है। रमेश ने बताया कि कांग्रेस सोमवार से देशभर में एक जनांदोलन शुरू करेगी, जिसमें दिल्ली के साथ-साथ राज्यों से लेकर जिलों और ब्लॉक लेवल तक जनांदोलन चलाया जाएगा। इसे लेकर जल्द ही कांग्रेस एक कमिटी बनाकर अपना आगामी टाइमटेबल बनाएगी। कांग्रेस अपने संगठन के जरिए देश भर में आंदोलन करेगी।
मौके को अपने पक्ष में मोड़ने की कोशिश कांग्रेस इस मौके को अपने पक्ष में मोड़ने की तैयारी कर रही है। कांग्रेस को लगता है कि भारत जोड़ो यात्रा से देश में कांग्रेस को लेकर जो एक माहौल तैयार हुआ है, इस घटनाक्रम से उसे एक नई ताकत मिलेगी। कांग्रेस इसे लोगों के बीच दिखाएगी कि राहुल गांधी देश के लोगों की आवाज उठाने और उनके जुड़े मुद्दों को सामने रखने के लिए किसी भी हद तक जाने के लिए तैयार हैं। कांग्रेस संदेश देना चाहती है कि देश में प्रमुख विपक्षी दल होने के नाते कांग्रेस ही वो ताकत है, जो पीएम नरेंद्र मोदी और बीजेपी को सीधी चुनौती दे सकती है। इतना ही नहीं, कांग्रेस अडाणी मामले को लेकर जेपीसी की मांग उठाने की बात करते हुए लगातार सरकार को घेरने की कोशिश करेगी।
लड़ाई को जमीन तक ले जाने की योजना कांग्रेस ने तय किया है कि वह जेपीसी सहित तमाम मुद्दों को जमीन पर लेकर जाएगी, जिससे लोगों को वह बता सके कि कैसे बेरोजगारी, महंगाई, चीन सीमा विवाद, अडाणी मुद्दे पर संसद के भीतर व बाहर सरकार को घेरने के लिए राहुल गांधी के खिलाफ यह कार्रवाई की गई। दरअसल, कांग्रेस को लग रहा है कि वह इसे आगामी राज्यों के चुनाव में मुद्दा बना सकती है। जल्द ही कर्नाटक में चुनाव होने जा रहे हैं, जहां कांग्रेस बीजेपी के सामने प्रमुख विपक्षी दल है और वह वहां लगातार बीजेपी को भ्रष्टाचार के मुद्दे पर घेर रही है। कांग्रेस को लगता है कि वह अडाणी मुद्दे को उठाकर इस लड़ाई को आगामी चुनाव में नई धार दे सकती है। इसके अलावा, आने वाले समय में राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ चुनावों में भी कांग्रेस-बीजेपी की सीधी टक्कर है। कांग्रेस राहुल का मुद्दा उठाकर इसके जरिए लोगों की सहानुभूति लेने की कोशिश करेगी। वह इन सभी चुनावों में संवैधानिक संस्थाओं सहित एजेंसियों के कथित दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए लोगों के बीच यह रखने की कोशिश करेगी कि कैसे बीजेपी विरोधियों को कुचलने के लिए हर तरीके का इस्तेमाल कर रहे हैं।
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