गूगल मैप में अगर आप इजरायल का भूगोल देखिए तो एक छोटा सा देश दिखता है लेकिन तकनीक के मामले में यह दुनिया के अग्रणी देशों में शुमार है। आज खेती की आधुनिक तकनीक, साइबर सुरक्षा, जल संरक्षण, पारंपरिक दवाओं, फिल्म निर्माण, स्पेस टेक्नोलॉजी और इनोवेशन के क्षेत्र में भारत को इजरायल से मदद मिल रही है। पानी की बात चली है तो यह जान लीजिए कि इजरायल रोज समुद्र के खारे पानी को पीने लायक बनाता है। जब मोदी इजरायल यात्रा के समय बीच पर गए थे तो नेतन्याहू ने समंदर के खारे पानी को पीने लायक बनाने वाली मशीन से निकालकर पानी पिलाया था। आज जलस्रोत घट रहे हैं, ऐसे में भविष्य में समंदर के खारे पानी को शुद्ध करने की जरूरत पड़ सकती है। इजरायल हमारे लिए मददगार होगा। हालांकि भारत में चेन्नई के पास एक गांव समेत कई प्लांट बन चुके हैं। फिल्म के बारे में जान लीजिए कि इजरायल में बनी Fauda सीरीज खूब देखी जा रही है। बॉलीवुड के दीवाने वहां भी खूब हैं।
5. डील
आज के समय में भारत को अत्याधुनिक हथियारों के साथ ही फ्यूचर फोर्स के लिए भी तैयार रहना होगा। मोदी-नेतन्याहू के राज में द्विपक्षीय संबंध काफी मजबूत हुए हैं। सात साल में ही भारत को इजरायल से 2.3 अरब डॉलर के हथियार मिले। इसमें ड्रोन, मिसाइल, सेंसर और एयर डिफेंस सिस्टम शामिल है। इजरायल भी भारत में काफी निवेश कर रहा है। वह भारत की दूसरी हरित क्रांति की दिशा में अहम भूमिका निभा रहा है। भारतीय मूल के करीब 85 हजार यहूदी इजरायल में रहते हैं। इसमें ज्यादातर महाराष्ट्र, केरल और कोलकाता से ताल्लुक रखते हैं। ऐसे में रिश्तों को मजबूत रखना हमारे हित में है।
