ट्रंप के अमेरिका में टूट गया 15 साल का रेकॉर्ड, इस साल 655 बड़ी कंपनियां हो चुकी हैं दिवालिया
Updated on
15-11-2025 04:25 PM
नई दिल्ली: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप दुनियाभर के देशों पर अमेरिका में निवेश के लिए दबाव बना रहे हैं। लेकिन अमेरिकी कंपनियों की हालत लगातार खस्ता होती जा रही है। अमेरिका में इस साल अब तक 655 बड़ी कंपनियां दिवालिया हो चुकी हैं जो 15 साल में सबसे अधिक है। पिछले साल को छोड़ दिया जाए तो यह आंकड़ा 2010 के बाद सबसे बड़ा है। पिछले साल अमेरिका में कुल 687 बड़ी कंपनियां दिवालिया हुई थीं। माना जा रहा है कि साल खत्म होते-होते यह आंकड़ा 800 के करीब पहुंच सकता है।
अमेरिका में अगस्त में 76, सितंबर में 66 और अक्तूबर में 68 कंपनियां दिवालिया हुई। 2022 से देश में दिवालिया होने वाली कंपनियों की संख्या में 100 फीसदी बढ़ोतरी हुई है। इस साल दिवालिया होने वाली सबसे ज्यादा 98 कंपनियां इंस्ट्रियल सेक्टर की हैं। उसके बाद कंज्यूमर डिस्क्रशनरी (80) और हेल्थकेयर (45) का नंबर है। अमेरिका में दिवालिया होने वाली कंपनियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। इससे पता चलता है कि दुनिया की सबसे बड़ी इकॉनमी वाले देश में सबकुछ ठीक नहीं है।
15 साल का हाल
साल 2010 में अमेरिका में 828 बड़ी कंपनियां बंद हुई थीं। साल 2011 में यह संख्या 634, 2012 में 586, 2013 में 558 और 2014 में 471 रह गई। इसके बाद साल 2015 में 524 कंपनियां दिवालिया हुईं। अगले साल यानी 2016 में यह संख्या 576 पहुंच गई। साल 2017 में 520, साल 2018 में 518, साल 2019 में 589, साल 2020 में 639, साल 2021 में 405, साल 2022 में 372 और साल 2023 में 634 बड़ी कंपनियां दिवालिया हुई थीं।
नई दिल्ली: रेयर अर्थ को नए जमाने की टेक्नोलॉजी की रीढ़ कहा जाता है। इनका यूज इलेक्टिक वीकल, इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन और डिफेंस में होता है। अभी इसकी सप्लाई चेन पर…
नई दिल्ली: होर्मुज जलडमरूमध्य में एक बार फिर से संकट गहरा गया है। यही वजह है कि कच्चे तेल की ढुलाई पर एक बार फिर से जियोपोलिटकल रिस्क प्रीमियम (Geopolitical…
नई दिल्ली: सरकार ने अनुराग जैन को नीति आयोग का नया सीईओ नियुक्त किया है। अनुराग जैन मध्य प्रदेश कैडर के 1989 बैच के IAS अधिकारी हैं। कैबिनेट की नियुक्ति…
नई दिल्ली: देश के सबसे बड़े औद्योगिक घराने टाटा ग्रुप की कंपनी इंडियन होटल्स कंपनी (IHCL) के शेयरों में आज शुरुआती कारोबार में करीब 2% गिरावट आई। बीएसई पर यह…
नई दिल्ली: पूंजी बाजार में एथिकल इन्वेस्टिंग को बढ़ावा देने के लिए NSE ने निफ्टी 500 अहिंसा इंडेक्स की शुरुआत की है। इसमें निफ्टी 500 की उन कंपनियों को शामिल…
नई दिल्ली: घरेलू शेयर बाजार में आज लगातार तीसरे दिन गिरावट आई है। इसकी वजह यह है कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इंपोर्टेड जेनेरिक दवाओं पर चरणबद्ध तरीके…