तब जांच को अमेरिकी वायु सेना ने दबा दिया था
उस समय सालास और उनके सहयोगियों से वायु सेना के स्पेशल इन्वेस्टिगेशन ऑफिस के एजेंटों ने पूछताछ की थी। उनसे इस मामले को किसी और के साथ साझा न करने को लेकर बॉन्ड पर हस्ताक्षर भी करवाए गए थे। लेकिन, जांचकर्ताओं ने 1940 के दशक में सैन्य कर्मियों द्वारा 510 यूएफओ देखे जाने की अमेरिकी सरकार की चल रही जांच के हिस्से के रूप में सबूत देने के लिए सालास से संपर्क किया। सालास अब 82 वर्ष के हैं। उन्होंने कहा कि दशकों बाद इस जांच को लेकर काफी प्रभावित हैं। उन्होंने कहा कि तब मेरे बयान को या तो नजरअंदाज कर दिया गया था या सरकार ने उसे दबा दिया था।
चश्मदीद बोले- हम दुनिया को सच्चाई बताना चाहते हैं
उन्होंने कहा कि मैं 50 से अधिक वर्षों से एक सरकारी एजेंसी को अपनी कहानी बताना चाहता था। मेरे लिए यह बातचीत एक बड़ी राहत बनी है।वे बड़े उदार थे। उन्होंने ध्यान से सुना। मैंने उन्हें माल्मस्ट्रॉम की घटनाओं पर एक पूरी रिपोर्ट दी। मैं जितना कह रहा था उससे कहीं अधिक आश्वस्त हूं कि वे एक ईमानदार प्रयास करने की कोशिश कर रहे हैं। एक ईमेल में जांचकर्ताओं ने सालास को धन्यवाद देते हुए लिखा कि उन्हें उम्मीद है कि आप जैसे देशभक्तों के सामूहिक योगदान और सरकारी हित और निवेश का मौजूदा स्तर उन सवालों के जवाब देगा जो हमारे देश के नागरिक इतने लंबे समय से मांग रहे हैं।
