- मोदी सरकार का प्लान है कि सीमावर्ती गांवों से पलायन को रोका जाए और वहां बसावट को स्थायी किया जाए।
- कई बार ऐसा देखा गया है कि सीमा पार से दुश्मन की मूवमेंट की जानकारी गांववाले ही सेना तक पहुंचाते हैं। ऐसे में इस कदम को सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
- 1999 करगिल युद्ध के समय स्थानीय ताशी नामग्याल ही वह शख्स थे, जिनके बारे में कहा जाता है कि उन्होंने सबसे पहले पहाड़ियों में पाकिस्तानियों को देखा था।
- चीन से लगती सीमा पर अरुणाचल हो या कोई दूसरा सीमावर्ती राज्य, गांववाले ही सेना के सबसे बड़े सूचना स्रोत रहे हैं लेकिन वहां से पलायन चिंता की बात रही है। अब बॉर्डर पर बहुत कुछ बदलने के लिए सरकार जुट गई है।
