UAE में शादी पर उड़ाए 200 करोड़, सारा कैश में... महादेव बेटिंग ऐप के प्रमोटर की कुंडली खंगाल रहा ईडी
Updated on
16-09-2023 04:49 PM
नई दिल्ली: आपने स्टील मैगनेट लक्ष्मी मित्तल (Lakshmi Mittal) और एशिया के सबसे बड़े रईस मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) के परिवार की शादियों में हुए भारी-भरकम खर्च के बारे में सुना होगा। लेकिन ऑनलाइन सट्टा खेलाने वाले एक ऐप के अंजान प्रमोटर की शादी में हुए खर्च के बारे में जानकार आप भी चौंक जाएंगे। महादेव बेटिंग ऐप के प्रमोटर सौरभ चंद्राकार (Saurabh Chandrakar) ने दुबई में धूमधाम से शादी की। इस पर 200 करोड़ रुपये उड़ाए। नागपुर से अपने रिश्तेदारों और सिलेब्रिटीज को लाने के लिए उसने प्राइवेट जेट भेजे। यह सारा लेनदेन कैश में हुआ। ईडी (ED) की जांच में यह बात सामने आई है। एजेंसी ने गुरुवार को महादेव ऐप से जुड़े 39 ठिकानों पर छापे मारकर 417 करोड़ रुपये के शेयर और दूसरे एसेट्स बरामद किए।
छत्तीसगढ़ के भिलाई का रहने वाला सौरभ चंद्राकर दुबई में रहता है और वहीं से ऑनलाइन सट्टे का गिरोह चलाता है। जांच में यह बात सामने आई है कि उसने सट्टेबाजी से हुई कमाई का एक बड़ा हिस्सा एफपीआई रूट से भारतीय शेयर मार्केट में निवेश कर रखा है। चंद्राकर और उसका पार्टनर रवि उप्पल महादेव ऐप के प्रमोटर हैं। दोनों भिलाई के रहने वाले हैं और दुबई में बैठकर भारत में सट्टेबाजी गिरोह चलाते हैं। चंद्राकर की शादी इसी साल यूएई के छठे सबसे बड़े शहर आरएके में हुई थी। जांच के मुताबिक उसने अपनी शादी के लिए वेडिंग प्लानर को 120 करोड़ रुपये दिए थे और नागपुर से अपने रिश्तेदारों को लाने के लिए प्राइवेट जेट भेजे थे। शादी में परफॉर्म करने के लिए बॉलीवुड की सिलेब्रिटीज को भी बुलाया गया था। इसके लिए सारा पेमेंट हवाला के जरिए कैश में किया गया।
कैश में पेमेंट
ईडी के मुताबिक डिजिटल सबूतों से पता चला है कि हवाला के जरिए 112 करोड़ रुपये योगेश बापट की इवेंट मैनेजमेंट कंपनी आर-1 इवेंट्स प्राइवेट लिमिटेड को दिए गए। इसी तरह होटल बुकिंग के लिए 42 करोड़ रुपये की पेमेंट यूएई की करेंसी दिरहम में की थी। ईडी ने गुरुवार को महादेव ऐप बेटिंग सिंडिकेट के 39 ठिकानों पर छापेमारी की। रायपुर, भोपाल, कोलकाता और मुंबई में छापेमारी की गई। इनमें छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के दो ओएसडी और एक राजनीतिक सलाहकार के ठिकाने भी शामिल हैं। इन लोगों पर आरोपी को बचाने के लिए भारी रिश्वत लेने का आरोप है। एजेंसी ने इस मामले में 15 लोगों को गिरफ्तार किया है।
ईडी का कहना है कि महादेव ऑनलाइन बुक बेटिंग ऐप एक अंब्रेला सिंडिकेट है। यह अवैध बेटिंग वेबसाइट्स को नए यूजर बनाने, यूजर आईडी बनाने और पैसों की हेराफेरी में मदद करता है। दुबई में बैठे मास्टरमाइंड्स के लिए एएसआई रैंक का अधिकारी नेटवर्किंग का काम करता है। उसके तार अफसरों और राजनीतिक आकाओं से जुड़े हैं। एजेंसी का कहना है कि इवेंट मैनेजर्स, ट्रैवल एजेंट्स और हवाला कारोबारियों पर छापेमारी में इस नेटवर्क का पता चला है। भोपाल की कंपनी रैपिड ट्रैवल्स ने चंद्राकर के रिश्तेदारों और सिलेब्रिटीज को दुबई भेजने के लिए टिकट की व्यवस्था की थी जबकि अवैध कैश लेनदेन का काम कोलकाता के विकास छापरिया के जरिए हुआ था। इसमें महादेव ऐप प्रमोटर्स के साथियों ने भी मदद की थी।
शेयर मार्केट में निवेश
ईडी ने छापरिया और उसके साथी गोविंद केडिया के ठिकानों पर छापेमारी की थी। उनकी कंपनियों परफेक्ट प्लान इन्वेस्टमेंट्स एलएलपी, एक्जिम जनरल ट्रेडिंग एफजेसीओ और टेकप्रो आईटी सॉल्यूशंस एलएलसी ने भी भारतीय शेयर बाजारों में भारी निवेश किया है। यह निवेश एफपीआई रूट के जरिए किया गया है। ईडी ने कहा कि विकास छापरिया की कंपनियों की 236 करोड़ रुपये की एसेट्स को पीएमएलए के तहत फ्रीज कर दिया गया है। साथ ही केडिया की डीमैट होल्डिंग्स में 160 करोड़ रुपये की एसेट भी फ्रीज कर दी गई है।
नई दिल्ली: लोन पर स्मार्टफोन, टैबलेट और लैपटॉप खरीदने वालों के लिए जरूरी खबर है। अगर उन्होंने लोन की किस्त नहीं चुकाई तो उनके डिवाइस पूरी तरह लॉक किए जा…
मुंबई: स्वदेश में ही इंटीग्रेटेड सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम बना रही कंपनी आरआरपी इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (RRP Electronics) की तरफ से बड़ी खबर आई है। कंपनी ने बताया है कि…
नई दिल्ली: कांवड़ यात्रा के दौरान गाजियाबाद और मेरठ के बीच सड़क यातायात प्रभावित होने का असर नमो भारत ट्रेन की यात्रियों की संख्या पर भी दिख रहा है। इस…
नई दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को कहा कि मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) से बैंकों और फाइनैंशल टेक्नॉलजी कंपनियों को इंफ्रास्ट्रक्चर में ज्यादा निवेश करने में मदद मिलेगी…
नई दिल्ली: शेयर बाजार के नए क्लोजिंग ऑक्शन सिस्टम (CAS) ने ट्रेडर्स की नींद उड़ा दी है। आखिरी वक्त में कीमतों में होने वाले अचानक और बड़े बदलावों से निवेशकों…
नई दिल्ली: लोकसभा ने टैक्सेशन एंड अदर लॉज (अमेंडमेंट) बिल 2026 को हरी झंडी दे दी है। इससे सरकार को UPI ट्रांजैक्शंस पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) या चार्ज लगाने…