इजरायल में फ्रांसीसी राष्ट्रपति ने दिया हमास के खात्मे का मेगा प्लान, जानें कैसे आतंकियों का अंत चाहते हैं मैंक्रो
Updated on
25-10-2023 02:05 PM
पेरिस: फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन मंगलवार को एक दिवसीय दौरे पर तेल अवीव पहुंचे। इस दौरान उन्होंने सात अक्टूबर को हमास हमले में मारे गए पीड़ितों के परिवारों के साथ-साथ बंधक बनाए गए लोगों के परिवारों से भी मुलाकात की। इजरायल पहुंचकर उन्होंने प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, राष्ट्रपति इसाक हर्जोग और रक्षा मंत्री याओव गैलेंट के साथ-साथ विपक्षी नेताओं यायर लैपिड और बेनी गैंट्ज के साथ बातचीत की है। मैक्रों रामल्ला भी जाएंगे, जहां वह फिलिस्तीनी प्राधिकरण के अधिकारियों से मुलाकात करेंगे। इन सबके बीच मैंक्रो ने फिलिस्तीनी आतंकी संगठन हमास को खत्म करने का एक आइडिया भी दिया है।
क्या है मैंक्रो का आइडिया न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रो ने मंगलवार को प्रस्ताव दिया है कि हमास जैसे आतंकी संगठन के खिलाफ एक अंतरराष्ट्रीय गठबंधन तैयार किया जाए। उनका मानना है कि इराक और सीरिया में आईएस से लड़ने वाला एक गठबंधन अपना दायरा बढ़ाकर गाजा में फिलिस्तीनी आतंकवादी समूह हमास के खिलाफ भी लड़ाई लड़े।
फ्रांस पूरी तरह से तैयार आईएस का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा,'फ्रांस, हमास के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय गठबंधन के लिए तैयार है जिसमें हम इराक और सीरिया में हमास के खिलाफ लड़ाई में भी हिस्सा ले रहे हैं।' क्षेत्रीय संघर्ष के खतरों के प्रति आगाह करने वाले मैक्रों ने यह भी कहा कि हमास के खिलाफ लड़ाई 'दया के बिना होनी चाहिए, लेकिन नियमों के बिना नहीं'। एलिसी पैलेस के एक सूत्र के अनुसार, राष्ट्रपति फिलिस्तीन में एकजुटता व्यक्त करने और दो-राज्य समाधान पर चर्चा करने की योजना बनाई है।
मैंक्रो ने इस बारे में कोई विवरण नहीं दिया कि अमेरिका के नेतृत्व वाले दर्जनों देशों का गठबंधन, जिसका इजरायल सदस्य नहीं है, कैसे शामिल हो सकता है। हालांकि, उनके सलाहकारों ने कहा कि गठबंधन की भागीदारी का मतलब जरूरी नहीं कि जमीन पर नुकसान हो, बल्कि इसमें खुफिया जानकारी साझा करना भी शामिल हो सकता है।
क्या कहा नेतन्याहू ने येरुशलम में मैंक्रो ने इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के साथ मीडिया को संबोधित किया। इसी दौरान उन्होंने जोर देकर कहा कि फ्रांस और इजरायल आतंकवाद को अपने 'साझा दुश्मन' के तौर पर देखते हैं। नेतन्याहू ने मैक्रों के प्रस्ताव पर सीधे तौर पर कोई टिप्पणी नहीं की, लेकिन कहा कि यह लड़ाई 'बुराई' और 'आजाद दुनिया' के बीच की लड़ाई है।
उन्होंने कहा, 'यह लड़ाई सिर्फ हमारी अपनी नहीं है... यह हर किसी की लड़ाई है।' आईएस से लड़ने वाले अमेरिकी नेतृत्व वाले गठबंधन का गठन सितंबर 2014 में हुआ था। मैक्रों के ऑफिस ने कहा कि यह विचार गठबंधन से प्रेरणा लेने के लिए था। फ्रांस, इजरायल और दूसरे भागीदारों के साथ चर्चा करने के लिए उपलब्ध था कि हमास के खिलाफ क्या प्रासंगिक हो सकता है।
मॉस्को/नई दिल्ली: भारत बिजली की रफ्तार से 'फ्यूचर रेडी कॉम्बैट व्हीकल' (FRCV) और 'फ्यूचर मेन बैटल टैंक' (FMBT) प्रोग्राम के तहत अपने खुद के बख्तरबंद लड़ाकू वाहनों का तेजी से…
मैड्रिड: स्पेन ने कहा है कि उत्तरी अफ्रीका के स्पेनिश इलाके सेउटा में अचानक आए प्रवासी संकट पर बहुत हद तक काबू कर लिया गया है। स्पेनिश अधिकारियों का कहना…
मास्को/नई दिल्ली/कीव: भारत और रूस के बीच दोस्ती सोवियत जमाने से ही दुनिया में एक मिसाल है। साल 1971 का बांग्लादेश युद्ध हो या भारत का परमाणु विस्फोट, रूस भारत…
ढाका: बांग्लादेश की राजधानी ढाका में स्थित चीनी दूतावास में 'पीपुल्स लिबरेशन आर्मी' की स्थापना की 99वीं वर्षगांठ मनाया गया है। इस मौके पर एक कार्यक्रम आयोजित किया जिसमें बांग्लादेश…
तेलअवीव/तेहरान: ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेनई ने अपने पिता की अयातुल्ला की हत्या के बाद सत्ता तो संभाल ली है लेकिन उन्हें इस हमले के बाद किसी ने…
इस्लामाबाद: फारूक खान उर्फ कमांडर फारूक सुधन की पीओके में प्रदर्शन के दौरान पाकिस्तानी रेंजर्स की गोलीबारी की चपेट में आने से मौत हो गई है। वो पहले पाकिस्तान के…
काठमांडू: नेपाल के दक्षिणपूर्वी तराई-मधेस क्षेत्रों जैसे कोशी और मधेस प्रांत में दो समुदायों के बीच हुई सांप्रदायिक झड़प के बाद हिंसा फैल गई है। ये क्षेत्र भारत की सीमा…
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने शुक्रवार को दावा किया कि गाजा में हमास और इजराइल के बीच एक बड़ा समझौता हुआ है। हमास और दूसरे सभी हथियारबंद संगठनों ने हथियार…