Select Date:

क्‍या खत्‍म होने की तरफ बढ़ रहा है रूस यूक्रेन का युद्ध? यूक्रेनी रक्षा मंत्री के ऑफर के बाद बढ़ा सस्‍पेंस

Updated on 10-06-2023 07:25 PM
कीव: यूक्रेन के रक्षा मंत्री के एक बयान के बाद ऐसा लगता है कि रूस के साथ जारी जंग आने वाले दिनों में खत्‍म हो जाए। यूक्रेन के रक्षा मंत्री ने रूस के साथ बातचीत की बात कही है। रूस और यूक्रेन की जंग फरवरी 2022 से जारी है। पिछले दिनों रूस से यूक्रेन के नोवा कखोवका बांध को भी ब्‍लास्‍ट करके उड़ा दिया है। फिलहाल बातचीत वाले बयान पर रूस की तरफ से कोई टिप्‍पणी नहीं की गई है। मगर दोनों देश अगर बातचीत की टेबल पर आते हैं तो यह एक बड़ा घटनाक्रम होगा।


बातचीत को तैयार यूक्रेन
यूक्रेन के रक्षा मंत्री ओलेक्‍सी रेजनिकोव ने कहा, 'यूक्रेन बातचीत और एक शांति समझौते के लिए तैयार है।' लेकिन इसके साथ ही उन्‍होंने एक शर्त भी रख दी है। उन्‍होंने कहा कि यह तभी होगा जब रूस स्‍पेशल मिलिट्री ऑपरेशन में कुछ बदलाव करता है तो ही बातचीत संभव है। रक्षा मंत्री का यह बयान यूक्रेनी राष्‍ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्‍की की तरफ से आठ जून को खेरसॉन दौरे के बाद आया है। वह जाफोराइज क्षेत्र में चल रहे आक्रामक अभियान के बारे में जानकारी लेने के लिए यहां पहुंचे थे। इस क्षेत्र में यूक्रेन की सेना की रणनीति फेल हो गई है और उसे काफी नुकसान झेलना पड़ा है।

जेलेंस्‍की के शब्‍द बोल रहे रेजनिकोव
रूस की सेना ने कई यूक्रेनी टैंक खदेड़ने में सफलता हासिल की है। यहां तक कि रूस की मिलिट्री ने हेन्सोल्ड टीआरएमएल-4डी एईएसए रडार, जो आईरिस-टी एयर डिफेंस सिस्‍टम का हिस्‍सा है, उसे भी नष्ट कर दिया। इस हथियार को यूक्रेन की सेना के समर्थन में तैनात किया गया था। विशेषज्ञों की मानें तो जेलेंस्की खुद सार्वजनिक तौर पर रूस से सौदे के लिए नहीं कह सकते।
अगर वह ऐसा करते हैं तो फिर अमेरिका और बाकी नाटो देशों के साथ उनके रिश्‍ते कमजोर हो जाएंगे। लेकिन वह सवाल कर रहे हैं कि क्या रेजनिकोव का बयान रूस के सैन्‍य ऑपरेशन को बदलने के लिए कहना है।विशेषज्ञों के मुताबिक यूक्रेन अगर इस शर्त के साथ बातचीत के लिए आगे बढ़ता है तो फिर रूस उसे खारिज कर देगा, इस बात की आशंकाएं काफी ज्‍यादा हैं।

रूस की टिप्‍पणी का इंतजार
अब तक रूस की तरफ से कोई टिप्‍पणी नहीं की गई है। माना जा रहा है कि रूस के अधिकारी रक्षा मंत्री के बयान का मतलब निकालने की कोशिशों में लगे हुए हैं। वह जानना चाहते हैं कि क्‍या रेजनिकोव के पास वास्तव में बातचीत करने का कोई अधिकार है? रेजनिकोव वही मंत्री हैं जिन्‍हें हाल ही में जलेंस्की ने भ्रष्टाचार के आरोप में बर्खास्‍त करने का मन बनाया था। भारी सेंसरशिप को मानने वाले यूक्रेन के रक्षा मंत्री ने कई अहम जानकारियों को लीक कर दिया था। फिर कुछ समय बाद ही रहस्यमय तरीके से उन्‍हें माफ भी कर दिया गया। ऐसे में जेलेंस्‍की और रेजनिकोव के बीच सबकुछ ठीक है, इस बात पर सवाल हैं। मगर विशेषज्ञों की मानें तो रूस को रेजन‍िकोव के प्रस्‍ताव को खारिज करने की जगह रूस को इसे एक बार परखना चाहिए।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 27 July 2026
इस्लामाबाद: बलोच नेता मीर यार ने एक बार फिर भारत से रिश्ते पर जोर दिया है और पाकिस्तान से आजादी की बात कही है। मीर यार ने भारत को सदियों…
 27 July 2026
बीजिंग: चीन पिछले साल ऑपरेशन सिंदूर के बाद से ही भारतीय विमानों को लेकर प्रोपेगैंडा फैला रहा है। चीनी मीडिया पिछले एक सवा साल से लगातार अपने रक्षा उपकरणों जैसे…
 27 July 2026
इस्लामाबाद: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को पाकिस्तान को सख्त संदेश देते हुए कहा है कि कश्मीर मुद्दे से जुड़े किसी विवाद पर बात होगी तो वह पाकिस्तान के…
 27 July 2026
ढाका: बांग्लादेश के सेना प्रमुख जनरल वकार उज जमां ने बीते हफ्ते पांच दिन का तुर्की का दौरा किया है। वह दौरा खत्म कर शनिवार, 25 जुलाई को ढाका लौटे…
 27 July 2026
लंदन: स्वीडन की एक्टिविस्ट ग्रेटा थनबर्ग ने दिल्ली में मजबूती से विरोध प्रदर्शन करने के लिए भारतीय छात्रों की तारीफ की है। लंदन के ट्रैफलगर स्क्वायर पर एसएफआई की रैली…
 23 July 2026
सिना बंदरगाह पर समुद्री हवा में नमक ज्यादा इतिहास है। इटली के सिसिली का यह बंदरगाह सन 1185 में व्यापार के साथ ही सभ्यताओं का चौराहा भी माना जाता था।…
 23 July 2026
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के कब्जे वाला कश्मीर (PoK) पिछले 1 महीने से ज्यादा समय से उबल रहा है। इलाके में पाकिस्तानी शासन के शोषण और दमन के खिलाफ बड़े पैमाने पर…
 23 July 2026
इस्लामाबाद: पाकिस्तान में मौलाना फजलुर रहमान के विरोध से घबराई पाकिस्तानी सेना भारत के दुश्मन आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से खुलेआम हाथ मिला रही है। हाल ही में राजधानी इस्लामाबाद में…
 23 July 2026
न्यूयॉर्क: सिंधु जल संधि पर दुनिया में ढिंढोरा पीटने वाले पाकिस्तान को भारत ने दुनिया के सबसे बड़े मंच संयुक्त राष्ट्र से दो टूक जवाब दिया है। यूएन में भारत…
Advt.