2007 विधानसभा चुनाव में बसपा को स्पष्ट बहुमत
आपको बता दें कि वर्ष 2007 के विधानसभा चुनाव में बसपा को स्पष्ट बहुमत मिला था। मायावती अकेले अपनी पार्टी के बलबूते पर चौथी बार उत्तर प्रदेश राज्य की मुख्यमंत्री बनीं। लेकिन इसके बाद से ही मायावती का राजनीतिक ग्राफ लगातार घटने लगा। 2022 के विधानसभा चुनाव में बसपा 403 विधासभा सीटों में से केवल एक सीट निकाल पाई। पार्टी का वोट शेयर 12.8 प्रतिशत रहा। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में बसपा 19 सीटें जीती थी। वोट शेयर 22 प्रतिशत था।सपा के साथ मिलकर लड़ा था 2019 लोकसभा चुनाव
अगर बात लोकसभा चुनाव की करें तो 2019 का चुनाव बसपा ने सपा के साथ गठबंधन में लड़ा था। इस गठबंधन में बसपा को 10 सीटें और सपा को पांच सीटें मिली थीं। इस चुनाव के बाद सपा और बसपा का गठबंधन टूट गया। अखिलेश यादव ने कहा था कि हमारा वोट तो बहन जी को गया, लेकिन इसमें हमारा नुकसान हो गया। वहीं, मायावती ने भी चुनाव के बाद दिए गए बयान में कहा कि सपा के साथ जाकर उन्हें चुनाव में नुकसान हुआ। एक अनुमान के मुताबिक, उत्तर प्रदेश में 65 उपजातियां दलितों में हैं। इनमें सबसे बड़ी आबादी जाटव समुदाय की है। कुल दलित आबादी का 50 प्रतिशत हिस्सा जाटव हैं। मायावती खुद इसी समुदाय से आती हैं।
