तख्तापलट कर सत्ता में आए प्रयुत पांचवें नंबर पर, थाईलैंड के चुनाव में विपक्षी दलों की बंपर जीत, किसकी बनेगी सरकार?
Updated on
15-05-2023 07:42 PM
बैंकॉक : थाइलैंड के मुख्य विपक्षी दलों ने रविवार को हुए आम चुनाव में शानदार जीत दर्ज की है। इसे 2014 के तख्तापलट के जरिये मौजूदा प्रधानमंत्री प्रयुत चान-ओचा के सत्ता में आने के नौ साल बाद बदलाव के एक अहम मौके के रूप में देखा जा रहा है। सोमवार सुबह तक 99 प्रतिशत मतों की गिनती के साथ विपक्षी दल 'मूव फॉरवर्ड पार्टी' ने एक अन्य विपक्षी दल 'फेयु थाई पार्टी' पर छोटी-सी बढ़त हासिल कर ली है। हालांकि, कहा नहीं जा सकता कि रविवार को हुए चुनाव का विजेता सरकार बना पाएगा।
नए प्रधानमंत्री के चयन के लिए जुलाई में 500 सदस्यीय प्रतिनिधि सभा और 250 सदस्यीय सीनेट का संयुक्त सत्र बुलाया जाएगा। इस प्रक्रिया को व्यापक रूप से अलोकतांत्रिक माना जाता है क्योंकि सीनेटर का चयन सेना की ओर से किया जाता है। रविवार को हुए मतदान में करीब 75 प्रतिशत रजिस्टर्ड वोटर्स ने वोट डाले। मूव फॉरवर्ड पार्टी ने प्रतिनिधि सभा के लिए 24 प्रतिशत से कुछ अधिक मत हासिल किए जबकि फेयु थाई पार्टी ने 23 प्रतिशत मत हासिल किए हैं।
कौन होगा अगला प्रधानमंत्री?
निर्वाचन आयोग के अनुसार, मूव फॉरवर्ड पार्टी ने 113 सीटों पर जीत दर्ज की है जबकि फेयु थाई पार्टी ने 112 सीटों पर जीत हासिल की है। निवर्तमान प्रधानमंत्री प्रयुत चान ओचा की 'यूनाइटेड थाई नेशनल पार्टी' करीब नौ प्रतिशत मत पाने के साथ ही पांचवें स्थान पर है। चुनाव पूर्व सर्वेक्षण में तीन दलों के नई सरकार का नेतृत्व करने की संभावना जताई गई थी। पूर्व अरबपति प्रधानमंत्री थाकसिन शिनवात्रा की 36 वर्षीय बेटी पेतोंगतार्न शिनवात्रा को चुनाव पूर्व सर्वेक्षण में ज्यादातर लोगों ने देश के प्रधानमंत्री के रूप में देखने की इच्छा जताई थी।
2006 में हुआ था तख्तापलट
सेना ने 2006 में तख्तापलट कर थाकसिन को सत्ता से बेदखल कर दिया था। उनकी रिश्तेदार यिंगलुक शिनवात्रा 2011 में प्रधानमंत्री बनी थीं, लेकिन प्रयुत की अगुवाई में तख्तापलट कर उन्हें सत्ता से हटा दिया गया था। फेयु थाई पार्टी ने 2019 के चुनाव में सबसे अधिक सीटें जीती थीं, लेकिन उसकी चिर प्रतिद्वंद्वी और सेना समर्थित पलांग प्रचारत पार्टी ने प्रयुत के साथ गठबंधन कर लिया था। अब मूव फॉरवर्ड के नेता 42 वर्षीय कारोबारी पिटा लिमजारोएनरत भी प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार दिखायी देते हैं।
बीजिंग: चीन पिछले साल ऑपरेशन सिंदूर के बाद से ही भारतीय विमानों को लेकर प्रोपेगैंडा फैला रहा है। चीनी मीडिया पिछले एक सवा साल से लगातार अपने रक्षा उपकरणों जैसे…
इस्लामाबाद: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को पाकिस्तान को सख्त संदेश देते हुए कहा है कि कश्मीर मुद्दे से जुड़े किसी विवाद पर बात होगी तो वह पाकिस्तान के…
लंदन: स्वीडन की एक्टिविस्ट ग्रेटा थनबर्ग ने दिल्ली में मजबूती से विरोध प्रदर्शन करने के लिए भारतीय छात्रों की तारीफ की है। लंदन के ट्रैफलगर स्क्वायर पर एसएफआई की रैली…
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के कब्जे वाला कश्मीर (PoK) पिछले 1 महीने से ज्यादा समय से उबल रहा है। इलाके में पाकिस्तानी शासन के शोषण और दमन के खिलाफ बड़े पैमाने पर…
इस्लामाबाद: पाकिस्तान में मौलाना फजलुर रहमान के विरोध से घबराई पाकिस्तानी सेना भारत के दुश्मन आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से खुलेआम हाथ मिला रही है। हाल ही में राजधानी इस्लामाबाद में…
न्यूयॉर्क: सिंधु जल संधि पर दुनिया में ढिंढोरा पीटने वाले पाकिस्तान को भारत ने दुनिया के सबसे बड़े मंच संयुक्त राष्ट्र से दो टूक जवाब दिया है। यूएन में भारत…