मार्केट में मचाया था तहलका
इंटरनेशनल डेटा कॉरपोरेशन (IDC) के मुताबिक इस साल की पहली छमाही में देश में 45 लाख टीवी डीलरों को भेजे गए हैं जो पिछले साल के मुकाबले आठ परसेंट ज्यादा है। इस दौरान देश में टीवी की बिक्री में ऑनलाइन सेल का हिस्सा 39 परसेंट पहुंच गया है। भारत में एलजी, सैमसंग, सोनी, पैनासोनिक के अलावा चीन की कंपनियां शाओमी और टीसीएल भी टीवी बेचती हैं। साथ ही घरेलू कंपनी वू और ब्रांड लाइसेंसिंग के तहत थॉमसन भी टीवी बेचती हैं।चाइनीज कंपनियों शाओमी, वनप्लस, रियलमी, टीसीएल और iFfalcon ने 2017-18 में भारत के स्मार्टफोन टीवी मार्केट में तहलका मचा दिया था। इन कंपनियों ने एलजी, सैमसंग और सोनी से 30 से 50 परसेंट सस्ते मॉडल उतारे थे और जल्दी ही मार्केट पर अपनी पकड़ बना ली थी। जानकारों का कहना है कि चाइनीज टीवी ब्रांड्स की स्ट्रैटजी कीमतों में कटौती करके जल्दी से मार्केट कब्जाने की थी। इससे उनका नुकसान बढ़ गया। यही वजह है कि अब वे टीवी सेगमेंट से निकल गए हैं। उनका जोर अब पूरी तरह स्मार्टफोन बाजार पर है।
