पिछले एक साल की बात करें तो इस दौरान महंगाई की सबसे ज्यादा मार तुर्किए पर पड़ी है। इस देश में पिछले साल जुलाई से इस साल जुलाई के बीच महंगाई में 48% का इजाफा हुआ है। यह जी-20 देशों में सबसे अधिक है। इस लिस्ट में भारत 7.5% के साथ दूसरे नंबर पर है। जी-20 के तीन अन्य देशों यूके, जर्मनी और इटली का औसत ग्रुप के 5.8% के औसत से अधिक रहा है। इसमें अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, जापान और रूस को शामिल नहीं किया गया है क्योंकि उनका डेटा रेगुलर नहीं है। यूरोपियन यूनियन को भी इससे बाहर रखा गया है क्योंकि ग्रुप के सबसे बड़े सदस्य पहले ही इसमें शामिल है। जी-20 के बाकी दस सदस्य देशों में महंगाई 5.8% के औसत से कम रही है। OECD के आंकड़ों से यह बात सामने आई है। ओईसीडी अपने 38 सदस्य देशों और जी-20 जैसे दूसरे ग्रुपों के आंकड़ों को कंपाइल करता है।
जुलाई 2020 से जुलाई 2023 के बीच महंगाई पर नजर डालें तो इसमें भी तुर्किए नंबर वन है। इस दौरान देश में महंगाई में 216% तेजी आई है। तुर्किए के बाद यूके और ब्राजील का नंबर है। इस दौरान ब्राजील में महंगाई 24.8% और यूके में 20% की रफ्तार से बढ़ी है। जी-20 देशों में महंगाई का औसत पिछले तीन साल में 20.8% रहा है। इस दौरान मेक्सिको, भारत, जर्मनी, साउथ अफ्रीका और अमेरिका में महंगाई 18% से ज्यादा की रफ्तार से बढ़ी है। इस दौरान साउथ कोरिया, इंडोनेशिया, सऊदी अरब और चीन में महंगाई बढ़ने की रफ्तार सबसे कम रही।
अगर पांच साल के महंगाई के आंकड़ों पर नजर डालें तो इसमें भी तुर्किए 312% की तेजी के साथ पहले नंबर पर है। इस दौरान विकसित देशों में महंगाई ग्रुप के औसत से कम रही। पिछले पांच साल में जी-20 देशों में महंगाई की औसत रफ्तार 28.1% रही। इस दौरान भारत 33.7% के साथ दूसरे और ब्राजील 31.7% के साथ तीसरे नंबर पर रहा। मेक्सिको में पिछले पांच साल में महंगाई में 28.9% की बढ़ोतरी हुई।