बखमुत की लड़ाई का रहस्य आखिर है क्या? पुतिन की वैगनर आर्मी कर रही जीत का दावा, यूक्रेन कर रहा इनकार
Updated on
23-05-2023 07:36 PM
मॉस्को: रूस का दावा है कि उसने यूक्रेन के पूर्वी शहर बखमुत पर कब्जा कर लिया है, हालांकि यूक्रेन के शीर्ष सैन्य नेतृत्व का कहना है कि लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है। यूक्रेनी अधिकारियों ने कहा कि रूस का बखमुत के केवल एक छोटे से हिस्से पर नियंत्रण है। यूक्रेन का कहना है कि उनके लड़ाकों की मौजूदगी ने रूसी सेना को थका देने की रणनीति में अहम भूमिका निभाई। बखमुत के आसपास के इलाकों में लड़ाकों की मौजूदा स्थिति उन्हें शहर के अंदर वापस हमला करने का मौका देगी। बखमुत को लेकर रहस्य बरकरार है कि आखिर इसका सच क्या है।
शनिवार को कब्जे का दावा यूक्रेनी सशस्त्र बलों के लिए जमीनी बलों के कमांडर कर्नल-जनरल ऑलेक्जेंडर सिरस्की ने कहा, ' मौजूदा हालात हमें स्थिति में बदलाव करने और शहर में प्रवेश करने का मौका देते हैं। यह निश्चित तौर पर होगा।' वहीं, रूस के रक्षा मंत्रालय ने रविवार तड़के दावा किया था कि देश की निजी सेना ‘वैगनर’ ने रूसी सैनिकों की मदद से यूक्रेन के बखमुत शहर पर शनिवार दोपहर कब्जा कर लिया। रूस की सरकारी समाचार एजेंसियों ने क्रेमलिन की प्रेस सेवा के हवाले से कहा कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने वैगनर की हमलावर टुकड़ियों के साथ ही रूस के सशस्त्र बलों की इकाइयों के सभी सैनिकों को बधाई दी, जिन्होंने आत्र्योमोव्स्क मुक्त कराने के अभियान को पूरा करने पर आवश्यक सहयोग दिया।
जेलेंस्की ने किया इनकार वहीं, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने बखमुत शहर पर रूसी सेना के कब्जे से रविवार को इनकार कर दिया था। इसके बीच ही वैगनर ग्रुप की तरफ से कहा गया है कि एक जून को वह बखमुत का नियंत्रण रूस की सेना के हाथों में सौंप देगी। वैगनर और रूस की सेना इस पर जीत का ऐलान कर रही है। वैगनर लड़ाकों ने बख्मू पर रूस के हमले का नेतृत्व किया है और मॉस्को के यूक्रेन हमले के दौरान प्रिगोझिन का प्रभाव काफी बढ़ गया है। चासिव यार के करीब स्थित बखमुत रूस के हमले के तहत आने वाला पहला शहर है। यूक्रेन और रूस दोनों ने कहा है कि बखमुत की लड़ाई एक-दूसरे की सेना को खत्म करने के लिए महत्वपूर्ण है।
क्या है बखमुत की अहमियत बखमुत, पूर्वी यूक्रेन का शहर है और डोनेट्स्त प्रांत में आता है। यह जगह क्षेत्रीय परिवहन और मिलिट्री सप्लाई का बड़ा केंद्र था। बखमुत बड़े पैमाने पर रूसी-भाषा वाले औद्योगिक डोनबास क्षेत्र का हिस्सा है। रूस हमेशा से इसे अपने सैन्य अभियान के साथ जोड़ना चाहता था। लेकिन अगर बखमुत पर कब्जा सही है तो फिर तो डोनेट्स्क क्षेत्र के दो बड़े शहरों - क्रामटोरस्क और स्लोवियांस्क, रूस के कब्जे में आ जाएंगे। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने इस साल मार्च में सीएनएन को बताया था कि उन्हें डर है कि अगर रूस ने बखमुत पर कब्जा कर लिया तो फिर उसके पास दो शहरों पर कब्जा के लिए रास्ता मौजूद होगा।
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