इन चुनौतियों के लिए रहें तैयार
बजट से पहले निवेशक खुद को कई चुनौतियों के लिए तैयार कर रहे हैं। सरकारी आंकड़े बता रहे हैं कि खुदरा बाजार में महंगाई कम हुई है। औद्योगिक उत्पादन के इंडेक्स में तेजी आई है। विकास दर भी दुनिया के कई बड़े देशों के मुकाबले बेहतर है। पिछले साल भारत के शेयर बाजारों ने ज्यादातर एशियाई और उभरते बाजारों को मात दे दी थी। भारत आज दुनिया के टॉप इन्वेस्टमेंट डेस्टिनेशन के तौर पर देखा जा रहा है। लेकिन अगले एक महीने में कई चुनौतियां हैं।
विदेशी निवेशकों की बिकवाली डरा रही
विकास की गति अपनी ऊंचाई से नीचे उतरती दिख रही है। विदेशी निवेशकों की बिकवाली कई बार उभरने लगती है, जो घरेलू निवेशकों पर भारी पड़ सकती है। चीन ने कोरोना की बंदिशों को कम करने का फैसला किया है। इससे वहां पूंजी उमड़ सकती है। वहां के शेयरों की वैल्यूएशन बहुत कम मानी जा रही है। चीन का बेंचमार्क इंडेक्स शुक्रवार को चार महीने में अपने टॉप लेवल पर बंद हुआ। उन्हें उम्मीद है कि दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था महामारी के बाद मजबूत रिकवरी करेगी।
