सऊदी अरब का हज-2026 को लेकर अहम फैसला, शुरू किया खास प्रोग्राम, भारतीयों को सीधा फायदा
Updated on
10-01-2026 12:41 PM
रियाद: सऊदी अरब सरकार ने हज करने की ख्वाहिश रखने वाले दुनियाभर के मुसलमानों के लिए अहम ऐलान किया है। सऊदी के हज और उमराह मंत्रालय ने साल 2026 के लिए डायरेक्ट हज प्रोग्राम के तहत पैकेज चुनने का फेज शुरू किया है। यह नुसुक हज प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराया गया है। इसमें योग्य देशों के संभावित तीर्थयात्रियों को लेवल, कंटेंट और कीमत के हिसाब से सर्विस पैकेज देखने, उनकी तुलना करने और पांच पसंदीदा विकल्प चुनने की सुविधा है।
सऊदी अरब का डायरेक्ट हज प्रोग्राम भारतीयों के लिए एक अच्छी खबर है। भारत उन देशों में शामिल हैं, जहां से हर साल बड़ी संख्या में मुसलमान हज के लिए सऊदी अरब जाते हैं। ऐसे में भारतीय मुस्लिमों को इस प्रोग्राम का सीधा लाभ मिलेगा। इस साल हज मई महीने के आखिरी हफ्ते में किया जाएगा।
नुसुक हज प्लेटफॉर्म
अरब न्यूज के मुताबिक, सऊदी का नुसुक हज प्लेटफॉर्म यात्रियों को कई डिजिटल सहूलियत देता है। यहां यात्री पैकेजों की तुलना कर सकते हैं, डिजिटल वॉलेट से किश्तों में भुगतान कर सकते हैं और आधिकारिक तौर पर स्वीकृत सेवा प्रदाताओं की सूची देख सकते हैं। यानी अगर कोई यात्री कम बजट में हज करना चाहता है, तो वह ऐसे पैकेज को चुन सकता है जिसमें बुनियादी सुविधा हों।
सऊदी सरकार ने हज यात्रियों से आग्रह किया है कि वे प्लेटफॉर्म पर अपना रजिस्ट्रेशन कराएं या अपनी जानकारी अपडेट करें। साथ ही यह सुनिश्चित करें कि व्यक्तिगत डेटा और दस्तावेद सही हों। परिवार के सदस्यों को एक आवेदन में जोड़ने की सलाह दी गई है ताकि सत्यापन और मंजूरी की प्रक्रिया तेजी से पूरी हो सकें।
फ्रॉड ले बचना जरूरी
सऊदी मंत्रालय ने इस बताया है कि यह घोषणा केवल डायरेक्ट हज प्रोग्राम में शामिल देशों के लिए लागू होती है। अन्य देशों में हज की व्यवस्था स्थानीय स्वीकृत माध्यमों से ही होंगी। सऊदी सरकार ने कहा है कि डायरेक्ट हज प्रोग्राम वाले देशों के लिए नुसुक ही हज सेवाओं का आधिकारिक और स्वीकृत प्लेटफॉर्म है। ऐसे में सभी तरह के भुगतान और बुकिंग इसी प्लेटफॉर्म के जरिए होने चाहिए।हज सऊदी अरब में मक्का की सालाना इस्लामी तीर्थयात्रा है। इसमें कई धार्मिक रस्में शामिल होती हैं। यह हर उस मुसलमान के लिए जिंदगी में एक बार करना फर्ज है जो इसका खर्च उठा सकता है और शारीरिक रूप से इसे करने में सक्षम है। हज इस्लाम के पांच स्तंभों में से एक है। अन्य स्तंभों में एक अल्लाह पर यकीन, नमाज, जकात और रोजा शामिल हैं।
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